
नारी डेस्क : अमेरिका इस वक्त कुदरत के भीषण कहर से जूझ रहा है। एक विनाशकारी बर्फीले तूफान ने देश के बड़े हिस्से को अपनी चपेट में ले लिया है, जिससे करीब 14 करोड़ लोगों की ज़िंदगी ठहर सी गई है। कई इलाकों में सड़कों पर कई फीट तक बर्फ जम गई है और तापमान शून्य से काफी नीचे चला गया है। हालात इतने खराब हैं कि जनजीवन पूरी तरह अस्त-व्यस्त हो गया है।
तापमान -41 डिग्री तक गिरा, सर्दी ने तोड़े रिकॉर्ड
अमेरिका के मध्य और उत्तर-पूर्वी हिस्सों में ठंड ने सारे रिकॉर्ड तोड़ दिए हैं। नॉर्थ डकोटा और बिस्मार्क जैसे शहरों में तापमान -41°C तक गिर गया है, जबकि न्यूयॉर्क के कुछ इलाकों में यह -34°C दर्ज किया गया। मौसम विभाग के अनुसार, टेक्सास से न्यू इंग्लैंड तक करीब 2000 मील के इलाके में भारी बर्फबारी और ओलावृष्टि जारी है। चेतावनी दी गई है कि आने वाले दिनों में 1 फुट (30 सेमी) तक और बर्फ गिर सकती है।
यातायात ठप: 9,000 उड़ानें रद्द, सड़कें बंद
तूफान का सबसे ज्यादा असर हवाई और सड़क यातायात पर पड़ा है। शनिवार और रविवार को मिलाकर अब तक करीब 9,000 उड़ानें रद्द की जा चुकी हैं। सड़कों पर बर्फ की मोटी परत जमने से गाड़ियां जगह-जगह फंसी हुई हैं। बर्फ हटाने का काम जारी है, लेकिन लगातार हो रही बर्फबारी राहत कार्य में बाधा बन रही है। कई इलाकों में बिजली के खंभे और तार टूटने से शहर अंधेरे में डूब गए हैं।
Air India ने रद्द की अमेरिका जाने वाली उड़ानें
भारत से अमेरिका जाने वाले यात्रियों के लिए भी परेशानी बढ़ गई है। एअर इंडिया ने 25 और 26 जनवरी को दिल्ली और मुंबई से न्यूयॉर्क और नेवार्क जाने वाली अपनी सभी उड़ानें रद्द कर दी हैं।हेल्पलाइन नंबर: यात्री जानकारी के लिए 011-69329333 और 011-69329999 पर संपर्क कर सकते हैं।
राहत और बचाव कार्य तेज
अमेरिकी प्रशासन ने हालात से निपटने के लिए युद्ध स्तर पर तैयारियां शुरू कर दी हैं।
राहत सामग्री: प्रभावित राज्यों में 70 लाख फूड पैकेट्स, 6 लाख कंबल और 300 बड़े जनरेटर भेजे गए।
बचाव दल: 30 विशेष सर्च एंड रेस्क्यू टीमें तैनात।
प्रशासन की अपील: लोगों से घरों में रहने, अनावश्यक यात्रा से बचने और जरूरी सामान पहले से स्टोर करने को कहा गया है।
स्थिति गंभीर बनी हुई है और प्रशासन ने चेतावनी दी है कि मौसम सामान्य होने में अभी समय लग सकता है।