17 MAYTUESDAY2022 2:38:51 AM
Nari

रसीले सेब के बीज में होता है खतरनाक जहर, Health बनाने के चक्कर में न खाएं इसे

  • Edited By vasudha,
  • Updated: 24 Apr, 2022 11:32 AM
रसीले सेब के बीज में होता है खतरनाक जहर, Health बनाने के चक्कर में न खाएं इसे

सेब स्वास्थ्य के लिए बेहद फायदेमंद होता है लेकिन यह हमेशा से बड़े, रसीले और मीठे नहीं हैं। प्राचीनकाल में सेब का आकार छोटा और स्वाद अक्सर कड़वा होता था। स्थानीय दुकान से लिये एक बड़े, मीठे सेब को काटते समय, हमारे आधुनिक फलों की विशेषताओं को हल्के में लेना आसान होता है।

 

 सेब का बीज होता है  बेहद जहरीला

सेब के बीज में अमिगडलिन नाम का तत्व पाया जाता है और जब यह तत्व इंसान के पाचन संबंधी एन्जाइम के संपर्क में आता है तो यह सायनाइड रिलीज करने लगता है।  ये सायनाइड हमारे बॉडी के डाइजेस्‍ट‍िव इंजाइम्‍स के संपर्क में आते ही हाइड्रोजन सायनाइड में बदल जाता है। इससे आप बीमार पड़ सकते हैं और आपकी जान को खतरा भी हो सकता है।

PunjabKesari

ये होता है नुक्सान

सेब के बीज एक साथ खा लेने से व्‍यक्‍त‍ि जा सकता है कोमा में

सेब के बीज खाने से सांस लेने में हो सकती है तकलीफ

इंसान  खो सकता है अपना होश

सेब के बीज खा लेने से कम हो सकता है ब्‍लड प्रेशर


सेबों में इतना परिवर्तन कैसा हुआ

सेब की उत्पत्ति का पता आधुनिक कजाकिस्तान में तियान शेन पहाड़ों पर लगाया सकता है, जहां सेब की प्राचीन किस्म, मालुस सिवेर्सि, आज भी जंगलों में उगती हैं। कजाखस्तान का सबसे बड़ा शहर, अल्माटी, कजाक शब्द अल्माटाऊ से इसका नाम लिया गया है जिसका अर्थ है ‘‘सेब पर्वत।’’पुरातात्विक साक्ष्य बताते हैं कि सेब की खेती मानव ने कम से कम 5,000 साल पहले शुरू की थी।

PunjabKesari

क्या हमारे अतीत के सेब हमेशा स्वादिष्ट थे?

पिछली पांच सहस्राब्दियों के दौरान, हमारे पूर्वजों ने पहले रेशम मार्ग के माध्यम से पूरे एशिया में और अंततः दुनियाभर में सेब के बीज पहुंचाए। लेकिन ये प्राचीन सेब उन किस्मों से काफी अलग हैं जिनके हम आज आदी हैं। जंगली सेब अक्सर छोटे, अम्लीय और कड़वे होते हैं और आम तौर पर इसमें ऐसा कुछ नहीं है जिसके लिए आप 8.80 अमेरिकी डॉलर प्रति किलोग्राम का भुगतान नहीं करेंगे।


अक्सर छोटे होते हैं जंगली सेब

अध्ययन से पता चला है कि बागों में उगाये गये सेब जंगल में उगे सेबों की तुलना में 3.6 गुना भारी और 43 प्रतिशत कम अम्लीय होते हैं। आज हम सुपरमार्केट में जो सेब देखते हैं, वे उन सेबों की तुलना में बड़े और अधिक स्वादिष्ट हैं जिसे हमारे पूर्वज खाते थे। इसके अलावा, बाग में उगाये गए सेबों में जंगली सेबों की तुलना में 68 प्रतिशत कम ‘फेनोलिक’ सामग्री होती है। फेनोलिक यौगिक फलों में जैवसक्रिय पदार्थ होते हैं जो बेहतर मानव स्वास्थ्य परिणामों से जुड़े होते हैं।

PunjabKesari

सेब को स्वादिष्ट बनाने पर दिया जा रहा जोर

पिछले 200 वर्षों में, सेब को स्वादिष्ट बनाने के लिए आधुनिक तकनीकों का उपयोग किया गया। हमारे सेबों को बेहतर बनाने के हाल के प्रयासों में फलों को अधिक समय तक ताजा रखने और उनका स्वाद मीठा बनाने पर ध्यान केंद्रित किया गया है। वैश्विक खाद्य बाजारों के विस्तार और मीठे स्वाद के लिए हमारी बढ़ती प्राथमिकताओं के साथ, ये परिवर्तन आधुनिक समाज की इच्छाओं का संकेत हैं।

 

Related News