
नारी डेस्क: हाल ही में फेमस भारतीय मसाला ब्रांड एवरेस्ट के कुछ उत्पादों की क्वालिटी को लेकर सोशल मीडिया पर हंगामा मचा। यह मामला तब सामने आया जब यूट्यूब चैनल Trustified ने 1 मार्च 2026 को एक वीडियो जारी किया, जिसमें दावा किया गया कि एवरेस्ट के कुछ मसाले लैब टेस्ट में तय मानकों पर खरे नहीं उतरे।
मसाले का चयन और लैब टेस्ट
वीडियो में बताया गया कि हर मसाले के तीन पैकेट खरीदे गए, जिनमें से एक पैकेट को लैब टेस्ट के लिए भेजा गया। जिन मसालों की जांच की गई, उनमें शामिल थे
एवरेस्ट गरम मसाला
एवरेस्ट किचन किंग मसाला
एवरेस्ट कश्मीरी लाल मिर्च पाउडर
एवरेस्ट मीट मसाला
चैनल ने यह जांच इसलिए करवाई कि यह पता लगाया जा सके कि ये मसाले Indian Food Safety and Standards Authority (FSSAI) के तय सुरक्षा मानकों पर खरे उतरते हैं या नहीं।
लैब रिपोर्ट में क्या निकला?
वीडियो में साझा किए गए नतीजों के अनुसार एवरेस्ट गरम मसाला में दो कीटनाशक एसेटामिप्रिड और एजोक्सीस्ट्रोबिन तय सीमा से अधिक पाए गए। नमूने में एंटरोबैक्टीरिएसी (Enterobacteriaceae) परिवार के बैक्टीरिया की मात्रा भी अधिक थी। एंटरोबैक्टीरिएसी परिवार में E. coli और Salmonella जैसे बैक्टीरिया शामिल होते हैं, जो दूषित भोजन के कारण पेट की बीमारियों जैसे दस्त, उल्टी, पेट दर्द और फूड पॉइजनिंग पैदा कर सकते हैं।
क्या कहते हैं एक्सपर्ट?
विशेषज्ञों के अनुसार मसालों में एंटरोबैक्टीरिएसी बैक्टीरिया की मौजूदगी अक्सर साफ-सफाई या प्रोसेसिंग की कमी को दर्शाती है। इसका मतलब हो सकता है कि कच्चे मसाले ठीक से साफ नहीं किए गए या सुखाने और पैकिंग के दौरान स्वच्छता का ध्यान नहीं रखा गया। रिसर्च रिपोर्ट (International Journal of Current Microbiology and Applied Sciences) के अनुसार, लंबे समय तक ऐसे खाद्य पदार्थों का सेवन जिनमें कीटनाशक अधिक मात्रा में हों, से शरीर पर गंभीर असर पड़ सकता है। रसायनों के अवशेष शरीर में जमा हो सकते हैं। लीवर, आंत और नर्वस सिस्टम पर प्रभाव पड़ सकता है। बच्चों, बुजुर्गों और कमजोर इम्यून सिस्टम वाले लोगों के लिए खतरा अधिक है।
क्या करना चाहिए?
मसाले खरीदते समय विश्वसनीय ब्रांड और पैकिंग की तारीख का ध्यान रखें। मसालों को उपयोग से पहले साफ करके और सुखाकर इस्तेमाल करें। लगातार फूड सेफ्टी अपडेट्स पर नजर रखें। अगर किसी मसाले में संदिग्ध कीटनाशक या बैक्टीरिया होने की खबर आती है, तो उसका सेवन रोक दें। एवरेस्ट मसालों में कीटनाशक और बैक्टीरिया मिलने की खबर ने खाद्य सुरक्षा पर सवाल खड़े कर दिए हैं। इससे साफ होता है कि मसाले खरीदते समय गुणवत्ता और सुरक्षा मानकों पर ध्यान देना जरूरी है। स्वास्थ्य की सुरक्षा के लिए हमेशा सतर्क रहना और भरोसेमंद उत्पाद ही इस्तेमाल करना चाहिए।