
नारी डेस्क: ऑस्ट्रेलिया ने अपने सैन्य इतिहास में एक ऐतिहासिक कदम उठाते हुए लेफ्टिनेंट जनरल सुसान कॉयल को देश की सेना प्रमुख नियुक्त किया है। कोयल, जो वर्तमान में 'जॉइंट कैपेबिलिटीज' (संयुक्त क्षमताओं) की प्रमुख हैं, ऑस्ट्रेलियाई सेना की किसी भी शाखा के प्रमुख पद पर नियुक्त होने वाली पहली महिला हैं। 125 वर्षों में पहली बार किसी महिला को यह जिम्मेदारी दी गई है।

1987 से दे रही है सेवाएं
प्रधानमंत्री एंथनी अल्बानीज़ ने कुछ दिन पहले नए सैन्य प्रमुखों की नियुक्तियों की घोषणा की। यह घोषणा सरकार द्वारा इस सप्ताह के अंत में अपनी 2026 की रक्षा रणनीति और निवेश संबंधी बयान जारी करने से ठीक पहले की गई। ये नियुक्तियां जुलाई से प्रभावी होंगी। सुसान कॉयल ने 1987 में आर्मी रिजर्व में एक सैनिक के रूप में शुरुआत की थी। इसके बाद उन्होंने ऑस्ट्रेलियन डिफेंस फोर्स अकादमी से साइंस की डिग्री ली और 1992 में रॉयल मिलिट्री कॉलेज से पास होकर रॉयल ऑस्ट्रेलियन कॉर्प्स ऑफ सिग्नल्स में शामिल हुईं।
महिलाओं के लिए खुले रास्ते
कोयल ने सामरिक, परिचालन और रणनीतिक - तीनों स्तरों पर काम किया है और विभिन्न कमांड भूमिकाएं निभाई हैं। इनमें 'टास्क ग्रुप अफगानिस्तान' की कमांडर और '17वीं सिग्नल रेजिमेंट' की कमांडिंग ऑफिसर जैसी भूमिकाएं शामिल हैं। वह सेना प्रमुख के पद पर लेफ्टिनेंट जनरल स्टुअर्ट का स्थान लेंगी। रक्षा मंत्री रिचर्ड मार्ल्स ने कहा कि कोयल की नियुक्ति ADF में कार्यरत महिलाओं के लिए, और साथ ही भविष्य में सेना में शामिल होने का विचार कर रही महिलाओं के लिए भी, अत्यंत महत्वपूर्ण है।

ऑस्ट्रेलियाई महिलाओं की भागीदारी पर दे रहा जोर
सुसान कॉयल उन गिनी-चुनी महिला अधिकारियों की सूची में शामिल हो गई हैं, जो शीर्ष पद तक पहुंची हैं। जुलाई 2024 में लेफ्टिनेंट जनरल जेनी कारिगन को कनाडा की चीफ ऑफ डिफेंस स्टाफ बनाया गया था, वह भी इस पद पर पहुंचने वाली पहली महिला थीं। ऑस्ट्रेलियाई रक्षा बल (ADF) में महिलाओं की भागीदारी बढ़ाने के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। वर्तमान में ADF में लगभग 21% महिलाएं हैं, जबकि वरिष्ठ नेतृत्व पदों में उनकी भागीदारी 18.5% है। लक्ष्य है कि 2030 तक महिला भागीदारी को 25% तक पहुंचाया जाए। सुसान कॉयल की नियुक्ति इस दिशा में एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर है, क्योंकि यह पहली बार है जब किसी महिला को किसी सैन्य शाखा का प्रमुख बनाया गया है।