नारी डेस्क : फल आमतौर पर सेहत के लिए फायदेमंद और हेल्दी माने जाते हैं, लेकिन यह जरूरी नहीं कि हर फल ब्लड शुगर के लिए सुरक्षित हो। कुछ फल ऐसे होते हैं जिनमें प्राकृतिक शुगर और ग्लाइसेमिक इंडेक्स ज्यादा होता है, जिससे खून में शुगर तेजी से बढ़ सकती है। खासकर डायबिटीज से जूझ रहे लोगों या जो अपना शुगर लेवल कंट्रोल में रखना चाहते हैं, उन्हें इन फलों का चुनाव और मात्रा दोनों समझदारी से तय करनी चाहिए। आइए जानते हैं उन 9 फलों के बारे में, जिनसे सावधानी बरतना जरूरी है।
केला
वर्कआउट से पहले केला खाना आम है, लेकिन इसमें शुगर की मात्रा ज्यादा होती है। एक मीडियम केले में लगभग 14 ग्राम शुगर होती है और इसका ग्लाइसेमिक इंडेक्स (GI) मध्यम से उच्च होता है। अगर केला ज्यादा पका हो तो यह ब्लड शुगर को तेजी से बढ़ा सकता है, इसलिए डायबिटीज या शुगर कंट्रोल करने वाले लोगों को इसका सेवन सीमित मात्रा में करना चाहिए।

अंगूर
छोटे और रसीले अंगूर देखने में तो harmless लगते हैं, लेकिन इनकी शुगर की मात्रा काफी अधिक होती है। एक कप अंगूर में लगभग 23 ग्राम शुगर होती है और फाइबर कम होने के कारण शुगर तेजी से खून में पहुंचती है। इसलिए, डायबिटीज या शुगर कंट्रोल करने वाले लोगों के लिए सीमित मात्रा में ही अंगूर खाना बेहतर माना जाता है।
आम
आम स्वाद में जितना शानदार होता है, शुगर में उतना ही भारी होता है। एक कप कटे हुए आम में लगभग 23 ग्राम शुगर होती है। इसमें विटामिन C जरूर मिलता है, लेकिन अगर इसे ज्यादा मात्रा में खाया जाए तो यह ब्लड शुगर को तेजी से बढ़ा सकता है, इसलिए डायबिटीज या शुगर कंट्रोल वाले लोगों के लिए सीमित सेवन ही सुरक्षित है।
अनानास
अनानास, चाहे ताजा हो या डिब्बाबंद, शुगर तेजी से रिलीज करता है। एक कप अनानास में लगभग 16 ग्राम शुगर होती है और इसका ग्लाइसेमिक इंडेक्स (GI) उच्च होता है। पाचन के लिए यह फायदेमंद है, लेकिन मात्रा का ध्यान रखना जरूरी है, खासकर उन लोगों के लिए जो ब्लड शुगर नियंत्रित रखना चाहते हैं।

चेरी
चेरी दिखने में हल्का फल लगती है, लेकिन इसमें शुगर की मात्रा काफी अधिक होती है। एक कप चेरी में लगभग 18 ग्राम शुगर होती है। इसमें एंटीऑक्सीडेंट्स मौजूद हैं, लेकिन ओवरईटिंग करना आसान होता है। इसलिए, ब्लड शुगर नियंत्रित रखने वाले लोगों के लिए सीमित सेवन ही सुरक्षित माना जाता है।
तरबूज
तरबूज पानी से भरपूर और कम कैलोरी वाला फल माना जाता है, लेकिन इसका ग्लाइसेमिक इंडेक्स काफी ज्यादा होता है। एक कप तरबूज में शुगर की मात्रा भले ही कम नजर आती हो, लेकिन इसका असर ब्लड शुगर को तेजी से बढ़ाने वाला हो सकता है। खासकर डायबिटीज के मरीजों को इसे खाते समय मात्रा का विशेष ध्यान रखना चाहिए।
अंजीर
अंजीर को पुराने समय से बेहद पौष्टिक फल माना जाता है, लेकिन इसमें नेचुरल शुगर की मात्रा काफी ज्यादा होती है। एक मीडियम अंजीर में करीब 8 ग्राम शुगर पाई जाती है, जबकि सूखे अंजीर में यह मात्रा और भी अधिक हो जाती है। इसलिए ब्लड शुगर कंट्रोल रखने वालों के लिए अंजीर का सीमित मात्रा में सेवन ही सुरक्षित माना जाता है।

खजूर
खजूर को आमतौर पर एनर्जी बूस्टर माना जाता है, लेकिन इसमें शुगर की मात्रा भी काफी ज्यादा होती है। एक मेडजूल खजूर में करीब 16 ग्राम शुगर पाई जाती है। हालांकि इसमें फाइबर मौजूद होता है, जो पाचन के लिए अच्छा है, लेकिन डायबिटीज या ब्लड शुगर कंट्रोल करने वालों को खजूर का सेवन बेहद सावधानी और सीमित मात्रा में ही करना चाहिए, वरना शुगर लेवल तेजी से बढ़ सकता है।
लीची
लीची स्वाद में भले ही कैंडी जैसी मीठी और हल्की लगती हो, लेकिन इसमें शुगर की मात्रा काफी अधिक होती है। सिर्फ 10 लीची में करीब 29 ग्राम शुगर पाई जाती है। साथ ही इसमें फाइबर कम होता है, जिस वजह से शुगर तेजी से खून में पहुंचती है और ब्लड शुगर अचानक बढ़ सकता है, इसलिए इसे भी सीमित मात्रा में ही खाना समझदारी है।
ब्लड शुगर नियंत्रण के लिए टिप्स
इन फलों का सीमित मात्रा में सेवन करें
शुगर कंट्रोल वाले लोग फल खाने के समय प्रोफेशनल सलाह लें
संतुलित आहार और फाइबरयुक्त फलों को प्राथमिकता दें
फलों के साथ प्रोटीन या नट्स मिलाकर खाने से ब्लड शुगर बढ़ने की रफ्तार कम होती है।
फल हेल्दी होते हैं, लेकिन शुगर की मात्रा और GI को नजरअंदाज करना खतरनाक हो सकता है। ब्लड शुगर कंट्रोल करने के लिए स्मार्ट फलों का चुनाव और सीमित मात्रा ही सेहत की कुंजी है।