
नारी डेस्क: आजकल सोशल मीडिया पर नाभि में तेल डालने यानी Navel Pulling का ट्रेंड काफी चर्चा में है। खासतौर पर अरंडी (कैस्टर ऑयल) का तेल नाभि में लगाने को कई लोग सेहत के लिए फायदेमंद बता रहे हैं। आयुर्वेद में नाभि को शरीर का एक महत्वपूर्ण केंद्र माना गया है। माना जाता है कि नाभि के जरिए शरीर के कई नाड़ी बिंदुओं पर असर पड़ता है। इसी वजह से कुछ लोग नाभि में तेल लगाने को लाभकारी मानते हैं।
अरंडी के तेल के संभावित फायदे
त्वचा की ड्रायनेस में राहत: अरंडी का तेल गाढ़ा और मॉइस्चराइजिंग होता है। यह पेट के आसपास की त्वचा को मुलायम रख सकता है।
बैलेंस में रहते हैं हार्मोन्स : हार्मोन्स को बैलेंस रखने के लिए भी नाभि पर कैस्टर ऑयल लगाना फायदेमंद माना जाता है। इसके इस्तेमाल से लिवर से हार्मोन्स डिटॉक्स होते हैं। इससे हार्मोन्स में बैलेंस बना रहता है।
हल्के पेट दर्द या सूजन में आराम: कुछ लोगों का मानना है कि इससे पेट की ऐंठन या गैस में राहत मिलती है, हालांकि इसके पक्के वैज्ञानिक प्रमाण सीमित हैं।
होंठ और एड़ी फटने में राहत (लोक मान्यता): कहा जाता है कि नाभि में तेल लगाने से शरीर की रूखापन कम होता है, लेकिन यह अधिकतर पारंपरिक मान्यता पर आधारित है।
स्ट्रेस से राहत: स्ट्रेस से राहत दिलाने में भी नाभि में तेल लगाना फायदेमंद होता है। इससे नर्वस सिस्टम को शांत रखने में मदद मिलती है। इससे माइंड रिलैक्स रहता है और अच्छी नींद लेने में मदद मिलती है।
क्या कहता है विज्ञान?
अब तक ऐसा कोई मजबूत वैज्ञानिक प्रमाण नहीं है कि नाभि में अरंडी का तेल डालने से सीधे शरीर के अंदरूनी अंगों पर असर पड़ता है। त्वचा पर लगाया गया तेल त्वचा की ऊपरी परत तक ही काम करता है। इसलिए इसे चमत्कारी इलाज मानना सही नहीं है।
सावधानियां
अगर त्वचा पर एलर्जी या रैश हो तो तेल न लगाएं। ज्यादा मात्रा में तेल डालने की जरूरत नहीं है। गर्भवती महिलाएं बिना सलाह के प्रयोग न करें। नाभि में अरंडी का तेल लगाने से त्वचा को मॉइस्चराइजिंग मिल सकती है, लेकिन इसे किसी बड़ी बीमारी का इलाज समझना गलत होगा। अगर पेट दर्द, पाचन समस्या या हार्मोनल इश्यू हैं तो डॉक्टर की सलाह लेना ही बेहतर है।