23 JULTUESDAY2019 8:08:28 PM
Nari

पेट घटाना है तो 'हिना खान' की तरह करें Warrior Yoga, जानिए तरीका

  • Edited By Anjali Rajput,
  • Updated: 09 Jul, 2019 01:22 PM
पेट घटाना है तो 'हिना खान' की तरह करें Warrior Yoga, जानिए तरीका

सोशल मीडिया में किसी न किसी बात को लेकर चर्चा में रहने वाली हिना खान अपनी टोन्ड बॉडी से लोगों की चहेती बन गई है। अपनी फिटनेस को मेंटेन रखने के लिए हिना खान डाइट और जिम में खूब पसीना बहाती है। इतना ही नहीं, खुद को फिट रहने के लिए वह योग का सहारा भी लेती हैं। हाल ही में उन्होंने अपने इंस्टाग्राम अकाउंट से एक फोटो शेयर की है, जिसमें वो वीरभद्रासन (Warrior Yoga) करते हुए नजर आ रही हैं। चलिए आपको बताते हैं वीरभद्रासन कैसे किया जाता है और इससे क्या-क्या फायदे मिलते हैं।

 

क्या होता है वीरभद्रासन?

वीरभद्रासन यानि वॉरियर पोज भगवान शिव से जुड़ा योग है। दरअसल, इस आसन का भगवान शिव के एक अवतार 'वीरभद्र' के नाम पर पड़ा है, जो एक योद्धा था। इस आसन को 3 तरीकों से किया जाता है, चलिए आपको बताते हैं इसकी विधि।

पहली विधि

सबसे पहले सीधे खड़े हो जाए। फिर सांस अंदर लें और पैरों को खोल लें। अपने दाएं तलवे को सीधा रखें और बाएं तलवे को बाई ओर घुमाएं। अब दाई तरफ घुम जाएं और सांस को अंदर खींचें। सांस को बाहर छोड़ते हुएं दोनों हाथों को ऊपर उठाकर ध्यान लगाएं। कुछ देर ऐसे ही रहने के बाद सामान्य हो जाए।

दूसरी विधि

दोनों पैरों को खोलें और बाएं तलवे को बाएं ओर करें और दाएं पैर को सीधा रखें। दोनों हाथों को बाहर की ओर खोलें और सीधा रखें और घुटने को थोड़ा बेंड करें। अपने सिर को बाई ओर घुमाएं और सांस को अंदर की ओर खींचें। अब सांस को बाहर छोड़ते हुए नार्मल पोजिशन में आ जाएं। इसी प्रक्रिया को दूसरी ओर भी करें।

तीसरी विधि

सीधे खड़ें हो जाएं और सांस को अंदर की ओर खींचें। पैर को पीछे की तरफ मोड़ें और अपने एंकल को पकड़कर ऊपर की ओर खींचते हुए अपनी रीढ़ की हड्डी को सीधा करें। अब सांस को बाहर की ओर छोड़ें और नार्मल पोजिशन में आ जाएं। दूसरे पैर से भी इस प्रक्रिया को दोहराएं।

PunjabKesari

वीरभद्रासन करने के फायदे
बैली फैट से छुटकारा

रोजाना इस आसन को करने से ना सिर्फ वजन कंट्रोल में रहता है बल्कि यह बैली फैट घटाने में भी मदद करता है। साथ ही इससे मांसपेशियों में भी लचीलापन आता है।

तनाव को करता है दूर

इस आसन को करने से तनाव दूर होता है, जिससे आप डिप्रैशन और अन्य मानसिक समस्याओं से बचे रहते हैं। ऐसे में महिलाओं को यह आसन जरूर करना चाहिए क्योंकि उन्हें रोजाना तनाव का सबसे ज्यादा सामना करना पड़ता है।

शरीर के हर दर्द से छुटकारा

इस आसन को करने से मांसपेशियों, कमर, हाथों, कंधों और घुटनों में मजबूती आती हैं, जिससे घुटनों और कमर दर्द की समस्या दूर हो जाती है। साथ ही इससे साइटिका का दर्द भी दूर होता है।

PunjabKesari

स्वस्थ फेफड़ें

इस आसन को करने से छाती में काफी फैलाव होता है, जोकि फेफड़ों के लिए बहुत फायदेमंद होता है। इसके अलावा यह आसन अच्छे श्वसन को उत्साहित करती है, जिससे लंग्स हैल्दी बनते हैं और ब्रीदिंग प्रॉब्लम दूर होती है।

दिल को रखे स्वस्थ

यह आसन दिल को मजबूत बनाता है और हार्ट अटैक का खतरा भी कम करता है। साथ ही यह आसन शरीर के खून के बहाव को संतुलित बनाए रखता है, जिससे हाई-लो ब्लड प्रैशर कंट्रोल में रहते हैं।

मजबूत पाचन क्रिया

इस आसन से आपकी पाचन शक्ति मजबूत रहती है। इसके साथ ही इससे पेट की कई सारी बीमारियां जैसे- कब्ज आदि से छुटकारा मिलता है। 

किडनी व लिवर डिटॉक्स

नियमित रूप से इस आसन को करने से किडनी और लिवर डिटॉक्सीफाई होते हैं, जिससे आपकी कई समस्याएं दूर हो जाती है।

किन लोगों को नहीं करना चाहिए यह आसन
-हाई ब्‍लड प्रैशर, हार्ट प्रॉब्लम, घुटनों, कंधे और गर्दन में दर्द हो तो इस आसन को करने से बचे।
-रीढ़ की हड्डिया सा कोई पुरानी बीमारी होने पर भी इस आसन को ना करें।
-गर्भवती महिलाओं को तीसरे महीने, दस्त या गठिया की समस्या होने पर भी इस आसन नहीं करना चाहिए।

PunjabKesari

लाइफस्टाइल से जुड़ी लेटेस्ट खबरों के लिए डाउनलोड करें NARI APP

Related News

From The Web

ad