नारी डेस्क : भारतीय संस्कृति में भोजन सिर्फ शरीर को पोषण देने का माध्यम नहीं है, बल्कि इसे ग्रहों की ऊर्जा को संतुलित करने का साधन भी माना गया है। ज्योतिष के अनुसार, काले चने का सीधा संबंध न्याय के देवता शनिदेव से माना जाता है। मान्यता है कि सही विधि से काले चने का सेवन और दान करने से न केवल शनि की साढ़ेसाती और ढैय्या का प्रभाव कम होता है, बल्कि व्यक्ति के जीवन में स्थिरता और अनुशासन भी आता है।
काले चने और शनिदेव का क्या है संबंध?
ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, शनिदेव को काले रंग की वस्तुएं अत्यंत प्रिय हैं। स्कंद पुराण में भी शनिदेव के स्वभाव और प्रभाव का विस्तार से वर्णन मिलता है। सूर्य देव के पुत्र शनिदेव को काले तिल, काले चने और लोहे जैसी कठोर वस्तुएं पसंद मानी जाती हैं। जिस प्रकार तांत्रिक क्रियाओं में काले तिल का महत्व होता है, उसी तरह सात्विक और सरल उपायों में काले चने को कर्म सुधारक और शनि दोष शांत करने वाला उपाय माना जाता है। काले चने का नियमित प्रयोग व्यक्ति में धैर्य, सहनशीलता और अनुशासन जैसे गुणों को बढ़ाता है, जो शनिदेव के प्रभाव से जुड़े माने जाते हैं।

शनि की साढ़ेसाती और ढैय्या में क्यों असरदार है काला चना?
ज्योतिषाचार्यों के अनुसार, जब कुंडली में शनि की साढ़ेसाती, ढैय्या या महादशा चल रही हो, तब व्यक्ति को मानसिक तनाव, आर्थिक रुकावट और स्वास्थ्य समस्याओं का सामना करना पड़ सकता है। ऐसे में काले चने का सही विधि से सेवन और दान शनि के कठोर प्रभाव को कम करने में सहायक माना जाता है। यह उपाय विशेष रूप से शनिवार के दिन प्रभावशाली माना गया है।
सेहत के लिए काले चने के फायदे
आयुर्वेद में काले चने को एक सुपरफूड माना गया है। यह आयरन, प्रोटीन और फाइबर का अच्छा स्रोत है।
शरीर में ऊर्जा और ताकत बढ़ाता है
हड्डियों और जोड़ों को मजबूत करता है
वात दोष को संतुलित करता है
थकान, कमजोरी और मानसिक तनाव में राहत देता है
ज्योतिष के अनुसार, शनि का संबंध शरीर के वात दोष और हड्डियों से होता है। ऐ
से में काले चने का सेवन शनि से जुड़ी स्वास्थ्य समस्याओं में भी लाभकारी माना जाता है।

शनि दोष से राहत पाने के सरल ज्योतिष उपाय
अगर आप शनि की साढ़ेसाती, ढैय्या या महादशा से गुजर रहे हैं, तो यह उपाय आपके लिए लाभकारी हो सकता है।
प्रत्येक शनिवार को काले चने का सेवन करें
काले चनों को नमक वाले पानी में उबाल लें
उबले चने शनिदेव को अर्पित करें
इसके बाद जरूरतमंदों को दान करें
सेवन या दान के समय “ॐ शं शनैश्चराय नमः” मंत्र का जाप करें
मान्यता है कि इससे शनिदेव की कृपा प्राप्त होती है और जीवन में आ रही बाधाएं धीरे-धीरे कम होने लगती हैं।
काला चना न सिर्फ सेहत के लिए फायदेमंद है, बल्कि ज्योतिषीय दृष्टि से भी इसे शनि दोष शांत करने वाला सरल और सात्विक उपाय माना गया है। सही श्रद्धा, नियम और संयम के साथ इसका प्रयोग करने से जीवन में सकारात्मक बदलाव देखने को मिल सकते हैं।