नारी डेस्क: जब शिशु का जन्म होता है तो मां का दूध उसके लिए सबसे बेहतर माना जाता है। मां का दूध बच्चे को इंफेक्शन और बीमारियों से बचाता है और इम्यूनिटी देता है। ब्रेस्टफीडिंग कराने वाली मां के लिए सही खान-पान बहुत जरूरी होता है, क्योंकि इससे मां की सेहत भी अच्छी रहती है और बच्चे को पूरा पोषण मिलता है। लेकिन, कई बार शिशु को पेटदर्द या गैस की दिक्कत होने लगती है। इसके पीछे एक ही कारण हो सकता है मां का खानपान। मां को ऐसा आपने खाने का पूरा ध्यान रखना चाहिए। उन्हें ऐसा खाना नहीं खाना चाहिए, जिससे बच्चे को ये दिक्कतें होती है। चलिए जानतें है कि मां को किन चीजों को खाने से परहेज रखना चाहिए।
नहीं खानी चाहिए ये हरी सब्जियां
डॉक्टरों के मुताबिक, ब्रेस्टफीडिंग कराने वाली मां दाल, हरी सब्जियां (पालक, मेथी), साबुत अनाज (गेहूं, ओट्स) खा सकती है, लेकिन कुछ सब्जियां या दालें खाकर ब्रेस्टफीडिंग कराने के बाद शिशु को गैस बनती है, तो मां को इससे परहेज करना चाहिए। जैसे कि पत्ता गोभी, फूलगोभी, ब्रोकली और शिमला मिर्च शामिल है। ये सब्जियां गैस बना सकती है।

मां ये दालें और बीन्स न खाएं
ब्रेस्टफीडिंग कराने वाली मां राजमा, छोले, काबुली चना और मसूर दाल जैसी दालें न खाने से परहेज करें। ये प्रोटीन से तो भरपूर होती हैं, लेकिन ये गैस भी बना सकती हैं। अगर ये दालें ज्यादा मात्रा में खा ले तो बच्चे को पेट दर्द की समस्या भी हो सकती है।

दूध और डेयरी प्रोडक्ट्स
वैसे तो दूध, दही, छाछ, पनीर सेहत के लिए अच्छे होते है। इससे कैल्शियम की कमी नहीं होती। लेकिन, बच्चे को दूध पिलाने वाली मां ज्यादा मात्रा में दूध, पनीर या दही लेती हैं, तो कुछ बच्चों में गैस या पेटदर्द हो सकता है। मां को ध्यान देना चाहिए, अगर बच्चे को ये समस्याएं होती है तो इन प्रोडक्ट्स को खाने से बचना चाहिए।
कैफीन वाले ड्रिंक्स
चाय, कॉफी और कोल्ड ड्रिंक्स में भरपूर मात्रा में कैफीन होता है। अगर मां ये लेने के बाद ब्रेस्टफीड कराती है और इससे शिशु में चिड़चिड़ापन और गैस बनने लगती है, तो स्तनपान कराने वाली मां को चाय, कॉफी या कोल्ड ड्रिंक्स का सेवन नहीं करना चाहिए।

मसालेदार और तला-भुना भोजन
मां को ज्यादा मसालेदार और तला-भुना भोजन नहीं खाना चाहिए। इससे शिशु को पेटदर्द या गैस की समस्या हो सकती है।