नारी डेस्क : कजरी तीज का त्योहार महिलाओं के लिए बेहद खास माना जाता है। इस दिन पूजा-पाठ और व्रत के साथ घर में तरह-तरह के पारंपरिक पकवान बनाने की भी परंपरा है। ऐसे में अगर आप इस कजरी तीज पर परिवार के लिए कुछ खास बनाना चाहती हैं, तो घर पर राजस्थानी स्पेशल तीज थाली तैयार कर सकती हैं। राजस्थानी खाने की पहचान उसके देसी स्वाद, खुशबूदार मसालों और पारंपरिक व्यंजनों से होती है। खास बात यह है कि इस थाली में शामिल कई व्यंजन घर पर आसानी से तैयार किए जा सकते हैं। आइए जानते हैं किन चीजों से आप अपनी तीज की थाली को खास बना सकती हैं।
दाल-बाटी से करें थाली की शुरुआत
राजस्थानी थाली की बात हो और दाल-बाटी का जिक्र न हो, ऐसा कैसे हो सकता है। कजरी तीज की स्पेशल थाली में आप दाल-बाटी को जरूर शामिल कर सकती हैं। गेहूं के आटे से बाटी तैयार करके इसे घी में सेंका या पारंपरिक तरीके से पकाया जाता है। इसके साथ पंचमेल दाल, घी और चूरमा सर्व करने से थाली का स्वाद और भी बढ़ जाता है।

मसालेदार गट्टे की सब्जी
राजस्थानी खाने की एक और खास डिश है गट्टे की सब्जी। बेसन से तैयार किए गए गट्टों को मसालेदार दही की ग्रेवी में पकाया जाता है। इस सब्जी की खासियत यह है कि इसे बनाने के लिए किसी खास हरी सब्जी की जरूरत नहीं पड़ती। इसलिए जब घर में सब्जियां कम हों, तब भी गट्टे की सब्जी एक अच्छा विकल्प हो सकती है।
केर-सांगरी से मिलेगा देसी राजस्थानी स्वाद
अगर आप अपनी तीज की थाली को बिल्कुल पारंपरिक राजस्थानी अंदाज देना चाहती हैं, तो इसमें केर-सांगरी जरूर शामिल करें। केर और सांगरी को मसालों के साथ पकाकर आमतौर पर सूखी सब्जी के रूप में परोसा जाता है। दाल-बाटी और गट्टे की सब्जी के साथ इसका स्वाद थाली को एकदम देसी राजस्थानी टच देता है।
मिठाई में रखें घेवर
कजरी तीज और सावन के मौसम में घेवर का अपना अलग महत्व है। यह राजस्थान की लोकप्रिय पारंपरिक मिठाइयों में शामिल है और तीज के मौके पर इसे खास तौर पर पसंद किया जाता है। आप बाजार से घेवर लाकर उस पर मलाई, रबड़ी या अपनी पसंद की टॉपिंग डालकर सर्व कर सकती हैं। इससे बिना ज्यादा मेहनत के थाली में त्योहार की मिठास शामिल हो जाएगी।

मालपुआ से बढ़ाएं मिठास
घेवर के साथ मालपुआ भी तीज की थाली में शामिल किया जा सकता है। आटे या मैदे से तैयार मालपुए को घी में सेंककर या तलकर चाशनी में डुबोया जाता है। इसे गरमा-गरम रबड़ी के साथ परोसें तो इसका स्वाद और भी शानदार हो जाता है।
दही या रायता जरूर रखें
राजस्थानी थाली में दही या रायते की मौजूदगी खाने का स्वाद संतुलित करने में मदद करती है। आप अपनी पसंद के अनुसार बूंदी रायता, खीरे का रायता या मसाला दही तैयार कर सकती हैं। मसालेदार गट्टे की सब्जी और केर-सांगरी के साथ ठंडा रायता थाली में एक बेहतरीन कॉम्बिनेशन बनाता है।
ऐसे सजाएं अपनी कजरी तीज स्पेशल थाली
एक बड़ी थाली में दाल-बाटी, गट्टे की सब्जी, केर-सांगरी, रायता और सलाद रखें। इसके साथ घेवर और मालपुआ को मिठाई के तौर पर परोसें। ऊपर से थोड़ा घी और हरी धनिया डालकर थाली को सजाया जा सकता है। इस तरह घर पर ही कम मेहनत में एक पारंपरिक राजस्थानी तीज थाली तैयार हो जाएगी, जो त्योहार के स्वाद और रंग दोनों को खास बना देगी।