नारी डेस्क : सफर के दौरान, बदहजमी, तेज गंध, फूड पॉइजनिंग या अन्य कारणों से कई बार अचानक जी मिचलाने लगता है और उल्टी जैसा महसूस होने लगता है। ऐसे में कुछ आसान घरेलू उपाय अस्थायी राहत दिलाने में मदद कर सकते हैं। इनमें सबसे लोकप्रिय उपायों में से एक है अदरक। आइए जानते हैं कि जी मिचलाने पर जीभ के नीचे क्या रखने से राहत मिल सकती है और कौन-से घरेलू उपाय आपके काम आ सकते हैं।
जी मिचलाने पर जीभ के नीचे क्या रखें?
अगर आपको अचानक मतली या उल्टी जैसा महसूस हो रहा है, तो अदरक का एक छोटा टुकड़ा जीभ के नीचे या मुंह में रखकर धीरे-धीरे चूस सकते हैं। अदरक में पाए जाने वाले जिंजरोल (Gingerol) और शोगॉल (Shogaol) जैसे प्राकृतिक यौगिक पाचन तंत्र को शांत करने और मतली की भावना को कम करने में मदद कर सकते हैं। यही वजह है कि मोशन सिकनेस, हल्की बदहजमी और कुछ अन्य स्थितियों में अदरक का सेवन पारंपरिक रूप से किया जाता रहा है। अगर आप घर पर हैं, तो अदरक के छोटे टुकड़े पर थोड़ा-सा शहद और चुटकीभर नमक लगाकर भी चूस सकते हैं।

मतली से राहत दिलाने वाले अन्य घरेलू उपाय
लौंग चबाएं: 1–2 लौंग मुंह में रखकर धीरे-धीरे चबाने या चूसने से कई लोगों को मतली में राहत महसूस होती है। इसकी तेज सुगंध और प्राकृतिक गुण पेट को शांत करने में मदद कर सकते हैं।
सौंफ और मिश्री: सौंफ और मिश्री का मिश्रण पाचन को बेहतर बनाने और मुंह का स्वाद सुधारने में मदद करता है। हल्की मतली होने पर इसे चबाना फायदेमंद माना जाता है।
नींबू की खुशबू लें: ताजा नींबू की हल्की खुशबू सूंघने या नींबू पानी की कुछ घूंट पीने से भी कई लोगों को मतली कम महसूस होती है।
पुदीना भी है फायदेमंद: पुदीने की पत्तियां चबाना या पुदीने की हल्की चाय पीना पेट को आराम पहुंचाने और जी मिचलाने की समस्या को कम करने में मदद कर सकता है।
मतली होने पर इन बातों का भी रखें ध्यान
गहरी और धीमी सांस लें।
आराम से बैठें या सिर को थोड़ा ऊंचा रखकर लेटें।
थोड़ी-थोड़ी मात्रा में पानी या ORS पीते रहें।
तला-भुना, मसालेदार और भारी भोजन से बचें।
तेज गंध, धुएं या बदबू वाली जगहों से दूर रहें।
एक साथ ज्यादा खाना खाने की बजाय थोड़ी-थोड़ी मात्रा में भोजन करें।

मतली किन कारणों से हो सकती है?
मतली कई वजहों से हो सकती है
जैसे, मोशन सिकनेस (सफर के दौरान)
बदहजमी या एसिडिटी
फूड पॉइजनिंग
वायरल संक्रमण और माइग्रेन
गर्भावस्था के शुरुआती महीने
कुछ दवाओं के दुष्प्रभाव
तनाव और चिंता करना।
कब तुरंत डॉक्टर से संपर्क करें?
अगर मतली के साथ निम्न में से कोई भी लक्षण दिखाई दें, तो घरेलू नुस्खों पर निर्भर रहने के बजाय तुरंत डॉक्टर से सलाह लें
लगातार या बार-बार उल्टियां होना
उल्टी में खून आना
तेज बुखार या पेट में असहनीय दर्द
चक्कर आना या बेहोशी महसूस होना
शरीर में पानी की कमी (डिहाइड्रेशन) के लक्षण
24 घंटे से अधिक समय तक मतली या उल्टी बने रहना।

हल्की और अस्थायी मतली की स्थिति में अदरक, लौंग, सौंफ, पुदीना और पर्याप्त पानी जैसे घरेलू उपाय राहत दिलाने में मदद कर सकते हैं। हालांकि, अगर समस्या बार-बार हो रही है या गंभीर है, तो इसकी अनदेखी न करें और सही कारण जानने के लिए डॉक्टर से परामर्श लें।