नारी डेस्क : घर में पीने के पानी को साफ रखने के लिए आजकल बहुत से लोग आरओ यानी जल शुद्ध करने वाली मशीन का इस्तेमाल करते हैं। यह पानी में घुले कई तरह के लवण, अशुद्धियां और कुछ हानिकारक पदार्थों को कम करने में मदद करती है। लेकिन केवल मशीन लगवा लेना ही पर्याप्त नहीं है। समय-समय पर इसकी सफाई और देखभाल करना भी उतना ही जरूरी है। अगर मशीन से निकलने वाले पानी के स्वाद, गंध या गुणवत्ता में अचानक बदलाव महसूस हो, तो इसे हल्के में न लें। यह संकेत हो सकता है कि मशीन की जांच और सफाई की जरूरत है।
कैसे काम करती है आरओ मशीन?
आरओ एक ऐसी जल शोधन प्रक्रिया है, जिसमें पानी को एक विशेष झिल्ली से गुजारा जाता है। दबाव की सहायता से पानी इस झिल्ली के आर-पार जाता है, जबकि पानी में घुले कई लवण, कुछ भारी धातुएं और अन्य अशुद्धियां पीछे रह जाती हैं। इस प्रक्रिया से पानी में मौजूद कई अवांछित पदार्थों की मात्रा कम करने में मदद मिलती है। हालांकि, मशीन से मिलने वाले पानी की गुणवत्ता इस बात पर भी निर्भर करती है कि मशीन के छन्ने और झिल्ली किस स्थिति में हैं और घर में आने वाला पानी कैसा है। इसलिए समय-समय पर मशीन की देखभाल जरूरी है।
पानी में ये 3 बदलाव दिखें तो हो जाएं सावधान

पानी का स्वाद अचानक बदल जाए
अगर मशीन से निकलने वाले पानी का स्वाद पहले से अलग लगने लगे, जैसे पानी बहुत अधिक खारा, कड़वा या अजीब स्वाद वाला महसूस हो, तो इसे नजरअंदाज न करें। ऐसा मशीन के छन्ने या झिल्ली में आई खराबी के कारण हो सकता है। हालांकि, केवल स्वाद बदलने से यह तय नहीं किया जा सकता कि पानी पीने योग्य है या नहीं। अगर स्वाद में बदलाव लगातार बना हुआ है, तो मशीन की जांच करवाना बेहतर है।
पानी से आने लगे अजीब गंध
पीने के पानी में अचानक बदबू या कोई असामान्य गंध आने लगे तो सावधानी बरतनी चाहिए। पुराना छन्ना, पानी रखने वाले पात्र की ठीक से सफाई न होना या मशीन के अंदर गंदगी जमा होना इसकी वजह हो सकती है। ऐसी स्थिति में पहले उस पानी का सेवन रोकें और मशीन की सफाई तथा जांच करवाएं। अगर समस्या बनी रहती है, तो पानी की प्रयोगशाला में जांच करवाना भी उचित रहेगा।
पानी में घुले पदार्थों की मात्रा अचानक बदल जाए
पानी में घुले पदार्थों की कुल मात्रा को मापने के लिए एक विशेष यंत्र का इस्तेमाल किया जाता है। अगर मशीन के पानी में इस मात्रा में पहले की तुलना में अचानक काफी बदलाव दिखाई दे, तो मशीन के छन्ने और झिल्ली की जांच करवाना जरूरी हो सकता है। लेकिन यह समझना जरूरी है कि सिर्फ इस मात्रा के आधार पर पानी को अच्छा या खराब नहीं बताया जा सकता। बहुत कम मात्रा का मतलब हमेशा पानी असुरक्षित होना नहीं है और अधिक मात्रा का मतलब भी यह नहीं कि पानी जहरीला है। पानी की सही गुणवत्ता जानने के लिए कई अन्य तत्वों की भी जांच जरूरी हो सकती है।

आरओ मशीन की सफाई क्यों जरूरी है?
समय के साथ मशीन के छन्ने और झिल्ली पर गंदगी जमा हो सकती है, जिससे उसकी काम करने की क्षमता प्रभावित हो सकती है। पानी रखने वाले पात्र और मशीन के दूसरे हिस्सों की नियमित सफाई न होने पर भी पानी के स्वाद और गंध में बदलाव आ सकता है। इसलिए मशीन की सफाई और उसके छन्ने बदलने का काम निर्माता द्वारा बताए गए समय के अनुसार करवाना चाहिए। अगर पानी की गुणवत्ता खराब है या मशीन का इस्तेमाल अधिक होता है, तो देखभाल की जरूरत भी बढ़ सकती है।
पानी को लेकर संदेह हो तो क्या करें?
अगर पानी का स्वाद, रंग या गंध अचानक बदल गई है, तो केवल घर में इस्तेमाल होने वाले माप यंत्र के आधार पर फैसला न लें। सबसे पहले मशीन की जांच करवाएं। जरूरत पड़ने पर पीने के पानी की प्रयोगशाला में जांच भी कराई जा सकती है। जब तक पानी की गुणवत्ता को लेकर स्थिति साफ न हो, संदिग्ध पानी पीने से बचना बेहतर है। खासकर घर में छोटे बच्चे और बुजुर्ग हों तो इस मामले में अतिरिक्त सावधानी बरतनी चाहिए।
छोटी-सी लापरवाही पड़ सकती है भारी
पीने के पानी की स्वच्छता से समझौता नहीं किया जा सकता। आरओ मशीन पानी की सफाई में मदद जरूर करती है, लेकिन उसकी नियमित देखभाल भी जरूरी है। पानी के स्वाद में अचानक बदलाव, असामान्य गंध और पानी में घुले पदार्थों की मात्रा में बड़ा बदलाव ऐसे संकेत हैं, जिन पर ध्यान देना चाहिए। ध्यान रखें, इन संकेतों से सीधे यह साबित नहीं होता कि पानी जहरीला है। लेकिन ये मशीन की जांच और देखभाल की जरूरत जरूर बता सकते हैं। समय रहते मशीन की सफाई और पानी की उचित जांच करवाने से समस्या को बढ़ने से रोका जा सकता है।