नारी डेस्क: रवि किशन इन दिनों सोशल मीडिया पर खूब चर्चा में रहते हैं। उनके डायलॉग्स और वीडियो अक्सर मीम्स का हिस्सा बन जाते हैं, लेकिन अभिनेता और सांसद अपनी फिटनेस और लाइफस्टाइल को लेकर भी कई बार खुलकर बात कर चुके हैं। अलग-अलग इंटरव्यू में उन्होंने जिम, एक्सरसाइज, खान-पान, किताबें पढ़ने और सोशल मीडिया की आदत जैसे मुद्दों पर अपनी राय साझा की है। उनकी बातें खास इसलिए भी हैं क्योंकि रवि किशन अपनी फिटनेस के लिए किसी बहुत महंगे या दिखावटी रूटीन की बात नहीं करते। वह कई बार बेहद देसी और साधारण तरीकों से खुद को फिट रखने की बात करते नजर आए हैं। आइए जानते हैं फिटनेस और सेहत को लेकर रवि किशन ने क्या-क्या कहा है।
पिता से मिली फिटनेस की सीख
रवि किशन का मानना है कि घर का माहौल और माता-पिता की आदतों का असर बच्चों पर भी पड़ता है। एक इंटरव्यू में उन्होंने अपने पिता को याद करते हुए बताया था कि उनके पास भले ही बहुत ज्यादा साधन नहीं थे, लेकिन वह मंत्र, श्लोक, अध्यात्म और ईमानदारी के साथ अपनी सेहत पर भी ध्यान देते थे।
अभिनेता ने बताया था कि उनके पिता की बॉडी अच्छी थी और वह काफी एक्सरसाइज किया करते थे। रवि किशन के मुताबिक, फिट रहने की यह आदत उन्हें अपने पिता से मिली है।

युवाओं से बोले- रील्स पर थोड़ा कम रहें
आज के दौर में मोबाइल और सोशल मीडिया लोगों की रोजमर्रा की जिंदगी का हिस्सा बन चुके हैं। रवि किशन खुद भी मानते हैं कि एक वक्त पर उन्हें रील्स देखने की आदत लग गई थी। उन्होंने युवाओं को सोशल मीडिया पर जरूरत से ज्यादा समय न बिताने की सलाह दी। उनके मुताबिक, लोग एक रील देखने के बाद दूसरी और फिर तीसरी रील देखते चले जाते हैं और पता ही नहीं चलता कि कई घंटे फोन पर निकल गए। उन्होंने यह भी कहा कि सुबह उठते ही मोबाइल देखने से कई बार नकारात्मक चीजें दिमाग पर हावी होने लगती हैं, जिसका असर सोच और मानसिक स्थिति पर पड़ सकता है।
किताब पढ़ने की भी दी सलाह
रवि किशन ने युवाओं को सिर्फ एक्सरसाइज और डाइट पर ध्यान देने के बजाय पढ़ने की आदत डालने की भी सलाह दी है। उन्होंने लोगों से किताबें पढ़ने की अपील करते हुए कहा कि अपनी पसंद की भाषा में किताब पढ़ी जा सकती है। उनका कहना था कि जरूरी नहीं कि कोई व्यक्ति एक दिन में पूरी किताब खत्म करे। इसके लिए एक हफ्ता या 10 दिन लिया जा सकता है, लेकिन एक किताब जरूर पढ़नी चाहिए। उनके मुताबिक, मोबाइल और रील्स से समय निकालकर किताब पढ़ने की आदत मानसिक तौर पर भी अच्छी हो सकती है।
शाकाहारी डाइट को लेकर क्या बोले रवि किशन
रवि किशन ने अपने खान-पान के बारे में बात करते हुए खुद को प्योर वेजिटेरियन बताया है। इसी दौरान उन्होंने प्रोटीन को लेकर भी अपनी राय रखी। उन्होंने कहा कि ऐसा जरूरी नहीं है कि प्रोटीन सिर्फ अंडा खाने से ही मिले। उनके मुताबिक, शाकाहारी भोजन में भी प्रोटीन के कई विकल्प मौजूद हैं।
उन्होंने यह भी बताया कि पहले वह काफी दूध पीते थे, लेकिन अब नारियल का दूध पीना पसंद करते हैं। उन्होंने नारियल को पीसकर उससे कोकोनट मिल्क तैयार करने की बात भी कही। हालांकि, डाइट को लेकर किसी एक व्यक्ति की पसंद को हर किसी के लिए सही नहीं माना जा सकता। शरीर की जरूरत, उम्र और स्वास्थ्य के हिसाब से खान-पान अलग हो सकता है।
'छाती बाहर, पेट अंदर' वाली फिटनेस पर रवि किशन का जोर
एक इंटरव्यू में जब उनसे उनकी फिटनेस को लेकर सवाल किया गया तो बातचीत काफी दिलचस्प हो गई। इंटरव्यू लेने वाले ने उनकी उम्र के बावजूद छाती बाहर और पेट अंदर वाली फिटनेस की तारीफ की। इस पर रवि किशन ने अपने देसी अंदाज में बताया कि इंटरव्यू देने से पहले ही उन्होंने करीब 200 दंड लगाए थे। उन्होंने ताई ची और ब्रीदिंग पर आधारित एक्सरसाइज का भी जिक्र किया। उनके मुताबिक, इस तरह की एक्सरसाइज में शरीर के अलग-अलग हिस्सों की मूवमेंट और सांस लेने पर ध्यान दिया जाता है।

जिम के पैसे नहीं हैं तो दौड़ने की सलाह
रवि किशन की फिटनेस फिलॉसफी में एक बात काफी साफ नजर आती है कि एक्सरसाइज के लिए महंगे जिम की जरूरत नहीं है। उन्होंने युवाओं से कहा कि अगर जिम की फीस देना संभव नहीं है तो सड़क पर दौड़ा जा सकता है। उन्होंने रोजाना दौड़ने और दंड लगाने की बात कही। उनके मुताबिक, अगर 5 किलोमीटर दौड़ना संभव नहीं है तो कम से कम 3 किलोमीटर दौड़ने की कोशिश करनी चाहिए। उनका जोर इस बात पर था कि फिट रहने के लिए सबसे जरूरी चीज नियमित रूप से शरीर को एक्टिव रखना है।
देसी तरीके से चना खाने की भी बात
रवि किशन ने अपनी बात को आगे बढ़ाते हुए बेहद साधारण और सस्ते विकल्प का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि अगर किसी के पास ज्यादा पैसे नहीं हैं तो रात में चना भिगोकर रखा जा सकता है और सुबह उसका सेवन किया जा सकता है। उन्होंने तांबे के बर्तन में रखे पानी का भी जिक्र किया और भीगे हुए चने को अपनी डाइट में शामिल करने की बात कही। उनका पूरा फोकस इस बात पर रहा कि फिट रहने के लिए हमेशा महंगे सप्लीमेंट या सुविधाओं की जरूरत नहीं होती।
रवि किशन की इन बातों में उनकी अपनी लाइफस्टाइल और अनुभव की झलक दिखाई देती है। हालांकि, डाइट, एक्सरसाइज या किसी खास हेल्थ रूटीन को अपनाने से पहले अपनी उम्र, शरीर की जरूरत और स्वास्थ्य स्थिति को ध्यान में रखना जरूरी है। खासकर अगर किसी को पहले से कोई बीमारी या स्वास्थ्य संबंधी परेशानी है, तो विशेषज्ञ की सलाह लेना बेहतर रहता है।