
नारी डेस्क : महाराष्ट्र सरकार ने उपभोक्ताओं के स्वास्थ्य की सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए राज्य में एनालॉग (Analog) या नॉन-डेयरी पनीर के निर्माण, बिक्री, भंडारण, परिवहन और वितरण पर पूर्ण प्रतिबंध लगा दिया है। सरकार का कहना है कि बाजार में कई स्थानों पर कृत्रिम पनीर को असली डेयरी पनीर बताकर बेचा जा रहा था, जिससे उपभोक्ताओं के साथ धोखाधड़ी होने के साथ-साथ स्वास्थ्य संबंधी जोखिम भी बढ़ रहे थे। इस फैसले के साथ महाराष्ट्र ऐसा कदम उठाने वाले राज्यों में प्रमुख बन गया है।
क्या है सरकार का आदेश?
राज्य के खाद्य सुरक्षा आयुक्त तुकाराम मुंढे द्वारा जारी आदेश के अनुसार, पूरे महाराष्ट्र में एनालॉग पनीर के निर्माण, प्रोसेसिंग, पैकेजिंग, स्टोरेज, परिवहन, थोक और खुदरा बिक्री पर तत्काल प्रभाव से रोक लागू कर दी गई है। यह प्रतिबंध उन सभी उत्पादों पर लागू होगा जिन्हें डेयरी पनीर जैसा दिखाकर बाजार में बेचा जाता है लेकिन वे दूध से नहीं बने होते। खाद्य एवं औषधि प्रशासन (FDA) ने स्पष्ट किया है कि यदि कोई व्यक्ति या व्यवसाय एनालॉग पनीर को असली डेयरी पनीर बताकर बेचता है, तो इसे उपभोक्ताओं को गुमराह करने और Food Safety and Standards Act, 2006 का उल्लंघन माना जाएगा। ऐसे मामलों में कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

क्या है सजा का प्रावधान?
सरकार के अनुसार, नियमों का उल्लंघन करने वालों पर अपराध की गंभीरता के आधार पर 6 महीने तक की जेल और 1 लाख रुपये तक का जुर्माना लगाया जा सकता है। वहीं यदि असुरक्षित खाद्य पदार्थ के सेवन से किसी व्यक्ति की मौत होती है, तो दोषियों को आजीवन कारावास और कम से कम 10 लाख रुपये के जुर्माने का सामना करना पड़ सकता है। महाराष्ट्र विधानसभा में भी कई विधायकों ने एनालॉग पनीर को लेकर चिंता जताई थी। उनका कहना था कि उपभोक्ताओं को असली पनीर के नाम पर नकली उत्पाद बेचे जा रहे हैं। इसके बाद सरकार ने सार्वजनिक स्वास्थ्य को ध्यान में रखते हुए यह बड़ा फैसला लिया।
एनालॉग पनीर क्या होता है?
एनालॉग पनीर ऐसा उत्पाद है जिसे पारंपरिक डेयरी पनीर की तरह दिखने और इस्तेमाल करने के लिए तैयार किया जाता है, लेकिन इसे दूध से नहीं बनाया जाता। इसमें आमतौर पर वनस्पति तेल (Vegetable Oil), स्टार्च, इमल्सीफायर और अन्य खाद्य एडिटिव्स का इस्तेमाल किया जाता है। यह डेयरी पनीर का विकल्प हो सकता है, लेकिन इसे स्पष्ट लेबलिंग के बिना असली पनीर बताकर बेचना उपभोक्ताओं को भ्रमित कर सकता है।

असली पनीर और एनालॉग पनीर में अंतर
असली पनीर दूध से तैयार किया जाता है और यह प्राकृतिक रूप से प्रोटीन, कैल्शियम तथा अन्य पोषक तत्वों का अच्छा स्रोत होता है। वहीं एनालॉग पनीर डेयरी आधारित नहीं होता और इसकी संरचना अलग होती है। विशेषज्ञों का कहना है कि किसी भी उत्पाद को खरीदते समय उसकी लेबलिंग और सामग्री (Ingredients) अवश्य पढ़नी चाहिए ताकि सही जानकारी के आधार पर चुनाव किया जा सके।