Twitter
You are hereNari

बहुत कुछ कहता है दादा-दादी और पोता-पोती का रिश्ता

बहुत कुछ कहता है दादा-दादी और पोता-पोती का रिश्ता
Views:- Friday, April 21, 2017-2:37 PM

पंजाब केसरी(पेरेंटिग): परिवार की अहमियत जिंदगी में सबसे ज्यादा होती है।लाइफ में कई बार उतार-चढ़ाव भी आते ही रहते हैं लेकिन इन सबसे राहत पाने के लिए सही सलाह तजूर्बेकार लोग ही दें सकते हैं। परिवार में जिंदगी जीने की समझ सबसे ज्यादा दादा-दादी को होती है। वह अपने पोता-पोती को मुसीबत के इन मुश्किल रास्तों में निकालने में बहुत मदद करते हैं। मां-बाप के रिश्ते की तरह की दादा-दादी के रिश्ते की भी बहुत अहमियत होती है। 

 

हैल्दी लाइफ का सही सलाह देते हैं दादा-दादी
दादा-दादी अपने बच्चोें को बहुत प्यार से पालते और जिंदगी में आगे बढ़ने की प्रेरणा देता हैं। जितने खुश वह खुद के बच्चोें को देखकर होते हैं उससे कहीं गुणा ज्यादा खुशी उनको अपने पोती-पोते की तरक्की से मिलती है। इनका रिश्ता भावनाओं के साथ भी पूरी तरह से जुडा होता है। जिस तरह वह अपने पोता-पोती का दुख नहीं देख सकते उसी तरह बच्चे भी उनके साथ समय बिताकर बहुत खुश होते हैं। वह हमेशा ही बच्चोें को हैल्दी लाइफ जीने की सीख देते रहते हैं। 
 

बच्चे जल्दी मानते है दादा-दादी की बात
बच्चों को उनके दादा-दादी खूब लाड-लड़ाते हैं। इनकी हर फरमाइश को भी पूरा करते हैं लेकिन इसके साथ ही वह उनको आगे बढ़ने के लिए भी प्रोत्साहित करते रहते हैं। वहीं बच्चों के पेरेट्स उनको रोक-टोक कर काम करवाना चाहते हैं इसीलिए बच्चे दादा-दादी की बात ज्यादा जल्दी मानते हैं। 


पेरेट्स के रिश्ते को भी मजबूत बनाते हैं दादा-दादी
कई बार पेरेंट्स के आपसी रिश्तों में कुछ खट्टास आ जाती है। इससे बच्चों को भी परेशानी हो जाती है। इस मुश्किल समय में दादा-दादी बच्चों को उनके रिश्तों में आई दरार को भरने की सही सलाह देते हैं। जिससे यह अनमोल रिश्ते फिर से मजबूत हो जाते हैं।